CrPC → BNSS
CrPC 132 BNSS में: धारा 151
Protection against prosecution for acts done under preceding sections
CrPC
132
BNSS
151
दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 के अंतर्गत धारा 132 "Protection against prosecution for acts done under preceding sections" से संबंधित थी। 1 जुलाई 2024 से इसका समकक्ष प्रावधान भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 151 है। यह आधिकारिक संगति है — सटीक वर्तमान पाठ हेतु सदैव मूल अधिनियम से पुष्टि करें।
यह पृष्ठ केवल आधिकारिक धारा-संख्या संगति देता है। सटीक पाठ या प्रक्रियात्मक प्रभावों हेतु निर्भर होने से पूर्व मूल अधिनियम देखें या वकील से पूछें।
आधिकारिक स्रोत
स्रोत: NCRB Sankalan Portal — official CrPC/BNSS Section Table. सत्यापन दिनांक 2026-07-20. केवल संदर्भ हेतु — कानूनी सलाह नहीं। किसी भी दाखिले में उपयोग से पूर्व आधिकारिक राजपत्र अधिसूचना एवं मूल अधिनियम से पुष्टि करें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- CrPC धारा 132 का BNSS समकक्ष क्या है?
- आधिकारिक तुलनात्मक तालिका के अनुसार, CrPC धारा 132 (Protection against prosecution for acts done under preceding sections) भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 151 से मेल खाती है।
- यह परिवर्तन कब लागू हुआ?
- यह प्रतिस्थापन 1 जुलाई 2024 से लागू हुआ। उस तिथि से पहले दर्ज मामले दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 के अंतर्गत ही चलते रहते हैं।
निकटवर्ती धाराएँ
- CrPC 128 → BNSS 147 · Enforcement of order of maintenance
- CrPC 129 → BNSS 148 · Dispersal of assembly by use of civil force
- CrPC 130 → BNSS 149 · Use of armed forces to disperse assembly
- CrPC 131 → BNSS 150 · Power of certain armed force officers to disperse assembly
- CrPC 133 → BNSS 152 · Conditional order for removal of nuisance
- CrPC 134 → BNSS 153 · Service or notification of order
- CrPC 135 → BNSS 154 · Person to whom order is addressed to obey or show cause
- CrPC 136 → BNSS 155 · Penalty for failure to comply with section 154