CrPC → BNSS
CrPC 343 BNSS में: धारा 382
Procedure of Magistrate taking cognizance
CrPC
343
BNSS
382
दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 के अंतर्गत धारा 343 "Procedure of Magistrate taking cognizance" से संबंधित थी। 1 जुलाई 2024 से इसका समकक्ष प्रावधान भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 382 है। यह आधिकारिक संगति है — सटीक वर्तमान पाठ हेतु सदैव मूल अधिनियम से पुष्टि करें।
यह पृष्ठ केवल आधिकारिक धारा-संख्या संगति देता है। सटीक पाठ या प्रक्रियात्मक प्रभावों हेतु निर्भर होने से पूर्व मूल अधिनियम देखें या वकील से पूछें।
आधिकारिक स्रोत
स्रोत: NCRB Sankalan Portal — official CrPC/BNSS Section Table. सत्यापन दिनांक 2026-07-20. केवल संदर्भ हेतु — कानूनी सलाह नहीं। किसी भी दाखिले में उपयोग से पूर्व आधिकारिक राजपत्र अधिसूचना एवं मूल अधिनियम से पुष्टि करें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- CrPC धारा 343 का BNSS समकक्ष क्या है?
- आधिकारिक तुलनात्मक तालिका के अनुसार, CrPC धारा 343 (Procedure of Magistrate taking cognizance) भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 382 से मेल खाती है।
- यह परिवर्तन कब लागू हुआ?
- यह प्रतिस्थापन 1 जुलाई 2024 से लागू हुआ। उस तिथि से पहले दर्ज मामले दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 के अंतर्गत ही चलते रहते हैं।
निकटवर्ती धाराएँ
- CrPC 339 → BNSS 378 · Delivery of lunatic to care of relative or friend
- CrPC 340 → BNSS 379 · Procedure in cases mentioned in section 215
- CrPC 341 → BNSS 380 · Appeal
- CrPC 342 → BNSS 381 · Power to order costs
- CrPC 344 → BNSS 383 · Summary procedure for trial for giving false evidence
- CrPC 345 → BNSS 384 · Procedure in certain cases of contempt
- CrPC 346 → BNSS 385 · Procedure where Court considers that case should not be dealt with under section 345
- CrPC 347 → BNSS 386 · When Registrar or Sub-Registrar to be deemed a Civil Court