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आईपीसी → बीएनएस

आईपीसी 467 बीएनएस में: धारा 338

मूल्यवान प्रतिभूति, वसीयत आदि की कूटरचना

IPC

467

BNS

338

ज़मानती: नहींसंज्ञेय: हाँशमनीय: नहीं
अपराध
मूल्यवान प्रतिभूति, वसीयत आदि की कूटरचना
दंड
आजीवन कारावास, या 10 वर्ष तक, और जुर्माना।
विचारणीय
सत्र न्यायालय

स्रोत एवं सत्यापित

स्रोत: NCRB comparative table. सत्यापन दिनांक 2026-07-11. केवल संदर्भ हेतु — कानूनी सलाह नहीं। किसी भी दाखिले में उपयोग से पूर्व आधिकारिक राजपत्र अधिसूचना एवं मूल अधिनियम से पुष्टि करें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आईपीसी 467 का बीएनएस समकक्ष क्या है?
आईपीसी धारा 467 (मूल्यवान प्रतिभूति, वसीयत आदि की कूटरचना) भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 338 से मेल खाती है, जो 1 जुलाई 2024 को लागू हुई।
बीएनएस धारा 338 के अंतर्गत दंड क्या है?
आजीवन कारावास, या 10 वर्ष तक, और जुर्माना।
क्या यह ज़मानती और संज्ञेय है?
ज़मानती: नहीं। संज्ञेय: हाँ। विचारणीय: सत्र न्यायालय। मूल अधिनियम से पुष्टि अवश्य करें।

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